सोयतकलां में नवनिर्मित शिव मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा कल से, त्रिदिवसीय आयोजन में उमड़ेगी आस्था की गंगा श्रद्धा की धारा से आलोकित हुआ स्वनिवास परिसर

जनमत जागरण @ सोयतकलां ।
देशभर में अब मंदिर केवल पूजा के स्थान नहीं रहे, बल्कि आध्यात्मिक जागरण और सांस्कृतिक चेतना के प्रेरणास्तंभ बनते जा रहे हैं। कहीं प्राचीन देवालयों में आस्था की पुनर्जागृति हो रही है, तो कहीं नव निर्मित मंदिरों के माध्यम से समाज को सनातन मूल्यों की नई दिशा मिल रही है। श्रद्धा की यह सजीव धारा अब गांव-नगरों से होकर जनमानस के अंतर्मन तक प्रवाहित हो रही है।
इसी आध्यात्मिक प्रेरणा से सोयतकलां नगर के पिड़ावा रोड पर, श्री राधा रमण बिहारी मंदिर के समीप स्थित स्वनिवास जादौन परिसर में एक भव्य शिव मंदिर का निर्माण कराया गया है। ठाकुर विजयपाल सिंह जादौन, ठाकुर चंद्रपाल सिंह जादौन, ठाकुर नरेंद्रपाल सिंह जादौन एवं समस्त जादौन परिवार द्वारा निर्मित इस मंदिर में भगवान शिव एवं माता पार्वती की प्राण प्रतिष्ठा का पावन त्रिदिवसीय अनुष्ठान 12 अप्रैल से प्रारंभ होकर 14 अप्रैल 2025 तक संपन्न होगा।
कार्यक्रम का क्रम इस प्रकार रहेगा –
शनिवार, 12 अप्रैल – हनुमान जन्मोत्सव पर प्रातः 9 बजे कलश यात्रा निकलेगी।
रविवार, 13 अप्रैल – महाभिषेक एवं अन्नाधिवास के साथ नगर शोभायात्रा और शैय्याधिवास।
सोमवार, 14 अप्रैल – हवन, प्राण प्रतिष्ठा, पूर्णाहुति, महाआरती एवं महाप्रसादी दोपहर 12 बजे से।
आपको बता दें कि देशभर में शिव भक्ति की चेतना को जाग्रत करने में संत प्रदीप मिश्रा जी द्वारा प्रवाहित की गई “शिव महिमा” की धारा ने एक नया अध्याय रचा है। उनके द्वारा प्रस्तुत शिव पुराण कथाओं और शिव तांडव भक्ति गीतों ने विशेषकर महिलाओं, बच्चों और युवाओं में भोलेनाथ के प्रति अनन्य श्रद्धा उत्पन्न की है। यही कारण है कि न केवल बड़े तीर्थों में, बल्कि ग्राम्य जीवन की गोद में बसे मंदिरों में भी अब बेलपत्र चढ़ाने वालों की भीड़ उमड़ने लगी है।
पूर्व में निर्मित श्री राधा रमण बिहारी मंदिर की तरह यह नवगठित शिव मंदिर भी क्षेत्रीय श्रद्धालुओं के लिए एक नवीन तीर्थ बनकर उभरेगा।
हर-हर महादेव। शिव शंभो।



