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“कैंसर ट्रेन से गोबर तक: स्वामीजी ने बताया जीवन बचाने का रहस्य”-“रात्रि में होगा गोवंश का सुरक्षित स्थानांतरण: स्वामीजी का गोप्रेमियों से आह्वान”


जनमत जागरण @ सुसनेर। एक वर्षीय वेदलक्षणा गो आराधना महामहोत्सव के 274 वें दिवस पर स्वामी गोपालानंद सरस्वती जी महाराज ने गोबर की महिमा बताते हुए बताया कार्बन क्रेडिट के नाम से देश विदेश की अनेक कम्पनियां करोड़ों रूपए खर्च कर रहीं है अगर इनका 10% भी गोमाता पर खर्च कर दे तो यह सृष्टि बच सकती है क्योंकि कैंसर जैसे भयंकर रोग का उपचार भी भगवती गोमाता के गोबर से हो सकता है कैंसर का एक कारण व्यसन है व्यसन एक तरह का विष है इसीलिए व्यसन का त्याग करना चाहिए दूसरा कारण रासायनिक खाद एवं कीटनाशक के प्रयोग से कैंसर बढ़ रहा है जिसका पंजाब राज्य प्रत्यक्ष उदाहरण है और पंजाब के भटिंडा से बीकानेर के लिए एक ट्रेन चलती है जिसे कैंसर ट्रेन के नाम से ही जाना जाता है क्योंकि बीकानेर में कैंसर का बड़ा हॉस्पिटल है उसमे उपचार हेतु इसी ट्रेन से मरीज आते है और तीसरा विष व्यक्ति के हृदय में होता है यह बाहरी विष से भी अत्यंत घातक होता है क्योंकि क्योंकि मनुष्य के अन्दर अमृत एवं जहर दोनों ही प्रकार की ग्रंथियां है,सकारात्मक विचारों के कारण अमृत ग्रंथियां जागृत होती है और नकारात्मक विचारों के कारण जहर ग्रंथियां इसलिए मन का पवित्र होना अत्यंत आवश्यक है अर्थात किसी के प्रति द्वेष भावना एवं कटु भावना नहीं रखनी चाहिए
पूज्य स्वामीजी ने बताया कि उक्त तीन प्रकार के विष से ही कैंसर होता है और इस विष को समाप्त भगवती गो माताजी का गोबर कर सकता है अर्थात सद् विचारों का सर्वश्रेष्ठ साधन भगवती गोमाता की शरणागति है, और शरणागति का अर्थ होता है निष्काम भाव से सेवा और इन तीन प्रकार के विष से ही कैंसर होता है।
"रात्रि में होगा गोवंश का सुरक्षित स्थानांतरण: स्वामीजी का गोप्रेमियों से आह्वान" :: स्वामीजी ने गोबरपीठ से सुसनेर नगर से आर्थिक के रूप में पधारे गोप्रेमी प्रदीप बजाज,प्रदीप सोनी,लखन भावसार, मुरली पाटीदार,संयोग सिंह राणा आदि से आग्रह किया कि आप नगर के सभी गो प्रेमी सज्जनों के साथ मिलकर सुसनेर नगर में जितने भी एक से डेढ़ वर्ष के बछड़े बछड़ी है, जिन्होंने अपनी मां का दूध पीना छोड़ दिया है उन्हें आज रात्रि को ही किसी सुरक्षित स्थान पर एकत्रित करके कल प्रातः किसी वाहन से गो अभयारण्य लेकर पधारे क्योंकि आने वाले दिनों में ठंड का प्रकोप और बढ़ने वाला है और भगवती गोमाता के छोटे बेजुबान बछड़ों को ठंड से बचाने से बढ़कर कोई पुण्य हो ही नहीं सकता ।

⏩ 274 वें दिवस पर राजस्थान पत्रिका पिड़ावा के संवाददाता विनोद कुमार जैन अपने परिवार के साथ गो अभयारण्य पधारे और आयोजन समिति के कार्यकर्ताओं ने उनके परिवार का गोमाता की छवि एवं उपरना ओढ़ाकर बहुमान किया ।
अतिथि के रूप में नलखेड़ा तहसील के देहरी ग्राम से बनवारीलाल यादव,बने सिंह यादव,मोहन लाल यादव,रघुवीर सिंह यादव एवं जुगल शर्मा आदि अतिथि उपस्थित रहें और आयोजन समिति के प्रदीप बजाज, प्रदीप सोनी,विक्रम सिंह एवं कालू सिंह ने सभी अतिथियों का बहुमान किया ।

274 वे दिवस पर चुनरी यात्रा मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले से : : एक वर्षीय गोकृपा कथा के 274 वें दिवस पर चुनरी यात्रा मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले से यशवंत सिंह गुर्जर जिला पंचायत सदस्य राजगढ़ , हरि सिंह गुर्जर मंडी अध्यक्ष माचलपुर, जुझार सिंह सरपंच जेतपुरा,मोतीलाल पटेल माचलपुर ने अपने परिवार की और से सम्पूर्ण विश्व के जन कल्याण के लिए गाजे बाजे के साथ भगवती गोमाता के लिए चुनरी लेकर पधारे और कथा मंच पर विराजित भगवती गोमाता को चुनरी ओढ़ाई एवं गोमाता का पूजन कर स्वामी गोपालानंद सरस्वती महाराज से आशीर्वाद लिया और अंत में सभी ने गो पूजन करके यज्ञशाला की परिक्रमा एवं गोष्ठ में गोसेवा करके सभी ने गोव्रती महाप्रसाद ग्रहण किया।

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