मालवा में संघ का अभूतपूर्व विस्तार: 100% गांव-मोहल्लों तक पहुंच, 90% घरों में संपर्क — प्रांत संघचालक ने बताई पूरी तस्वीर

शताब्दी वर्ष में घर-घर पहुंचा संघ, मालवा के 100% गांव-मोहल्लों तक विस्तार — प्रांत संघचालकजी का बड़ा बयान
जनमत जागरण सुसनेर/ इंदौर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष में संगठन के व्यापक विस्तार और समाज के हर वर्ग तक उसकी गहरी पहुंच का सशक्त चित्र सामने आया है। हरियाणा के समालखा में 13 से 15 मार्च तक सम्पन्न अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा के पश्चात इंदौर में आयोजित प्रेस वार्ता में माननीय प्रांत संघचालकजी ने बताया कि मालवा प्रांत में संघ कार्य अब 100 प्रतिशत गांवों और मोहल्लों तक पहुंच चुका है, जबकि 90 प्रतिशत घरों तक सीधा संपर्क स्थापित किया गया है।
उन्होंने कहा कि यह केवल संगठनात्मक विस्तार नहीं, बल्कि समाज के भीतर वैचारिक, सांस्कृतिक और सामाजिक जागरण का व्यापक अभियान है। शताब्दी वर्ष के दौरान संघ को समाज का अभूतपूर्व स्नेह, समर्थन और सहभागिता प्राप्त हुई है, जो संघ कार्य की स्वीकार्यता और प्रभाव को दर्शाता है।
अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में देशभर से 1438 प्रतिनिधि हुए शामिल

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा की वार्षिक बैठक हरियाणा में पानीपत के निकट समालखा में 13-15 मार्च को संपन्न हुई। बैठक में देशभर से 1438 प्रतिनिधि सम्मिलित हुए। इसमें अखिल भारतीय कार्यकारिणी, क्षेत्र एवं प्रांत टोली, कार्यविभाग प्रमुख, विभाग प्रचारक तथा विभिन्न संगठनों के राष्ट्रीय पदाधिकारी शामिल रहे। बैठक में संघ के कार्य विस्तार, दृढ़ीकरण और शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों की समीक्षा की गई।
कार्यविस्तार: देशभर में 88,949 शाखाएं, मालवा में 5,049 शाखाओं का संचालन
वर्तमान में देश के 924 जिलों के 6602 खंडों में से 6127 खंड शाखायुक्त हैं। इस वर्ष शाखायुक्त मंडलों की संख्या में 1535 की वृद्धि हुई है। देशभर में 55,683 स्थानों पर कुल 88,949 शाखाएं संचालित हो रही हैं।
मालवा प्रांत में 3,292 स्थानों पर 527 विद्यार्थी शाखाओं सहित कुल 5,049 शाखाएं संचालित हैं। इस वर्ष 150 विद्यार्थी शाखाओं में वृद्धि हुई है तथा 1961 साप्ताहिक मिलन चल रहे हैं।
प्रांत में 672 सेवा कार्य युक्त एवं 299 शाखा युक्त सेवाबस्तियां भी सक्रिय हैं।
प्रशिक्षण वर्गों में हजारों स्वयंसेवकों ने लिया भाग
देशभर में 919 प्राथमिक वर्गों में 40,392 स्वयंसेवक सम्मिलित हुए, जबकि 105 संघ शिक्षा वर्गों में 21,526 कार्यकर्ताओं ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।
मालवा प्रांत में 25 प्राथमिक वर्गों में 1712 स्वयंसेवक और 331 स्थानों से 551 कार्यकर्ता शिक्षा वर्गों में सम्मिलित हुए।
गृह संपर्क अभियान: मालवा में 32 लाख परिवारों तक पहुंच
संघ के सौ वर्षों की यात्रा और पंच परिवर्तन के संदेश को घर-घर पहुंचाने के लिए व्यापक गृह संपर्क अभियान चलाया गया।
देशभर में 10 करोड़ से अधिक घरों तक संपर्क हुआ है।
मालवा प्रांत में 82 हजार से अधिक कार्यकर्ताओं की टोलियों ने 1359 मंडलों और 969 बस्तियों में 32 लाख परिवारों तक संपर्क किया। प्रांत के सभी 12,246 गांवों और शत-प्रतिशत मोहल्लों तक कार्यकर्ता पहुंचे।
हिंदू सम्मेलनों में मालवा में 70 लाख से अधिक सहभागिता
देशभर में 37,048 स्थानों पर आयोजित हिंदू सम्मेलनों में साढ़े तीन करोड़ लोग सम्मिलित हुए।
मालवा प्रांत में 1355 मंडल और 940 बस्तियों में आयोजित सम्मेलनों में 70 लाख से अधिक समाजजन शामिल हुए।
इनसे पूर्व 3762 प्रभात फेरियां, 2867 महिला बैठकें, 8689 मोहल्ला बैठकें और 3129 धार्मिक आयोजन भी संपन्न हुए।
सामाजिक समरसता: 181 बैठकों में 10,840 समाज प्रमुख शामिल
सामाजिक सद्भाव और समरसता को बढ़ाने के लिए मालवा प्रांत में 181 बैठकों का आयोजन हुआ, जिसमें 10,840 समाज प्रमुख सम्मिलित हुए।
युवा जागरण: 1.88 लाख युवाओं की सहभागिता
युवा कार्यक्रमों के माध्यम से मालवा प्रांत में 311 परिसर व्याख्यान और 179 युवा संगम सहित विभिन्न आयोजनों में 1,88,144 युवाओं की भागीदारी रही।
विजयदशमी उत्सव में 4 लाख से अधिक स्वयंसेवक गणवेश में शामिल
देशभर में 62,555 उत्सवों में 32 लाख से अधिक स्वयंसेवक सम्मिलित हुए।
मालवा प्रांत में 1489 विजयदशमी उत्सवों में 4,05,075 स्वयंसेवक गणवेश में उपस्थित रहे।
2027 से नई संरचना: मालवा के स्थान पर उज्जैन और इंदौर संभाग
संघ की भौगोलिक संरचना में बदलाव करते हुए मार्च 2027 से नई व्यवस्था लागू होगी।
मालवा प्रांत के स्थान पर उज्जैन और इंदौर दो संभाग बनाए जाएंगे।
अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा अब प्रत्येक तीन वर्ष में आयोजित होगी।
समाज परिवर्तन के विविध प्रयासों पर भी हुई चर्चा
बैठक में नशा मुक्ति, जनजाति विकास, पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा और सामाजिक समरसता जैसे विषयों पर देशभर में चल रहे कार्यों की समीक्षा की गई।
संत शिरोमणि गुरु रविदासजी के 650वें प्राकट्य वर्ष पर उनके समरसता और भक्ति के संदेश को भी स्मरण किया गया।
अगली बड़ी बैठक इंदौर में
अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की आगामी बैठक अक्टूबर-नवंबर में इंदौर में आयोजित होगी, जिसमें देशभर से लगभग 450 कार्यकर्ता शामिल होंगे।



