सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा में आगर जिले की ऐतिहासिक सहभागिता, श्रद्धा और राष्ट्रभाव के साथ रवाना हुआ 50 श्रद्धालुओं का दल


सोयतकलां, नलखेड़ा सहित जिलेभर से श्रद्धालु ‘सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा’ में शामिल, जयघोषों के बीच हुआ भव्य स्वागत एवं विदाई समारोह

सोयतकलां सुसनेर/नलखेड़ा/आगर मालवा।
भारत की सनातन संस्कृति, राष्ट्रीय स्वाभिमान और आध्यात्मिक चेतना के अमर प्रतीक सोमनाथ महादेव की पावन यात्रा में इस बार आगर जिले की ऐतिहासिक सहभागिता देखने को मिली। मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित ‘सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा–2026’ के लिए आगर जिले से 50 श्रद्धालुओं का दल हर्षोल्लास, श्रद्धा और राष्ट्रभाव से ओतप्रोत होकर रवाना हुआ।
भोपाल स्थित रानी कमलापति रेलवे स्टेशन से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा यात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। प्रदेशभर से 1100 श्रद्धालुओं को लेकर निकली यह विशेष यात्रा भारतीय संस्कृति, आस्था और गौरव के पुनर्जागरण का संदेश दे रही है।

यात्रा के शुभारंभ अवसर पर भाजपा जिला अध्यक्ष ओम मालवीय, आगर विधायक मधु गहलोत, एसडीएम मिलिंद ढोके (बड़ौद) एवं डिप्टी कलेक्टर कमल मंडलोई विशेष रूप से उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने श्रद्धालुओं का पुष्पमालाओं से स्वागत कर उन्हें मंगलमय यात्रा की शुभकामनाएं दीं। यात्रा प्रारंभ होने से पूर्व श्रद्धालुओं के लिए भोजन व्यवस्था भी की गई।
सोयतकलां में नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि पुष्कर राज सिंह यादव एवं मंडल अध्यक्ष अमित नागर ने यात्रियों का आत्मीय स्वागत कर मिठाई वितरित की तथा जय श्रीराम, हर-हर महादेव और भारत माता के जयघोष के बीच श्रद्धालुओं को रवाना किया। वातावरण पूर्णतः भक्तिमय और राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत दिखाई दिया।

यात्रा में वरिष्ठ पत्रकार, लेखक एवं जनमत जागरण के संपादक राजेश कुमरावत ‘सार्थक’, पूर्व प्रधानाचार्य ब्रजमोहन जी सोनी, सामाजिक कार्यकर्ता शैलेंद्र सिंह चौहान, विश्व हिंदू परिषद के यात्रा प्रमुख मनीष जी राठौर, वैभव कुमरावत, बरेली निवासी कृषक नानूराम दांगी, वराही, ललित जी शर्मा निशानियां, राहुल कुशवाह, गोविंद कुशवाहा, राजेश जी माली सहित जिलेभर के श्रद्धालु सम्मिलित हुए।
वहीं दुर्गा वाहिनी की कार्यकर्ता कृष्ण कुमरावत, सीमा चौहान, बरखा माली, ममता शर्मा एवं मंजूलता राठौड़ की सहभागिता ने यात्रा को मातृशक्ति, संगठन शक्ति और सांस्कृतिक जागरण से भी जोड़ दिया।

इसके साथ ही नलखेड़ा क्षेत्र से गिरीराज पुरोहित एवं नारायण कुमरावत भी इस ऐतिहासिक यात्रा में शामिल होकर जिले का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। बजरंग दल एवं विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं की सक्रिय सहभागिता ने आयोजन को धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक समर्पण का स्वरूप प्रदान किया।
यात्रा के दौरान “हर-हर महादेव” और “जय सोमनाथ” के उद्घोषों से वातावरण गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने इसे केवल तीर्थ यात्रा नहीं, बल्कि भारतीय सांस्कृतिक चेतना, राष्ट्रीय गौरव और सनातन स्वाभिमान को जागृत करने वाली प्रेरणादायी यात्रा बताया।
सोमनाथ मंदिर भारतीय पुनरुत्थान, आत्मगौरव और अटूट आस्था का प्रतीक माना जाता है। ऐसे में आगर जिले से निकला यह श्रद्धा का विराट कारवां पूरे क्षेत्र के लिए गौरव और प्रेरणा का विषय बन गया है।
🚩 आस्था, स्वाभिमान और सांस्कृतिक चेतना की ऐतिहासिक यात्रा… 🚩
उज्जैन की पावन धरती से जब “सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा” के श्रद्धालु विशेष ट्रेन के माध्यम से रवाना हुए, तब वातावरण केवल यात्रामय नहीं, बल्कि आध्यात्मिक ऊर्जा और राष्ट्रीय गौरव से ओतप्रोत दिखाई दे रहा था।
प्रशासन द्वारा की गई आत्मीय व्यवस्थाओं ने इस यात्रा को और अधिक स्मरणीय बना दिया। श्रद्धालुओं का रुद्राक्ष माला भेंट कर सम्मानपूर्वक स्वागत किया गया। भोजन प्रसादी के पश्चात जब सभी यात्री “हर-हर महादेव” और “जय सोमनाथ” के उद्घोष के साथ ट्रेन में सवार हुए, तब मानो पूरी नगरी सनातन चेतना के रंग में रंग उठी।
यह केवल तीर्थयात्रा नहीं…
यह हजार वर्षों के संघर्ष, अटूट आस्था और राष्ट्र स्वाभिमान के पुनर्जागरण का महाअभियान है।
सोमनाथ की ओर बढ़ते ये कदम भारत की उस अमर संस्कृति के प्रतीक हैं, जो हर आघात के बाद और अधिक तेजस्विता के साथ खड़ी हुई है।



