मध्यप्रदेशआगर मालवाउज्जैन

अनाजों के समर्थन मूल्य में वृद्धि किए जाने का केंद्र सरकार ने किया ऐलान

भा. कि.संघ ने किया फैसले का स्वागत कहा किसानो की आर्थिक उन्नति का ठोस कदम

जनमत जागरण न्यूज़ @ सोयत कलां

केंद्र सरकार द्वारा आगामी सत्र 2024- 25 के लिए अनाजों के समर्थन मूल्य में वृद्धि किए जाने का ऐलान किया है । जिसका भारतीय किसान संघ स्वागत करता है ।  संघ का कहना है कि लागत के आधार पर लाभकारी मूल्य की दिशा में समर्थन मूल्य में बढ़त किसानों को आर्थिक उन्नति का ठोस कदम है उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार ने गेहूं के समर्थन मूल्य में 150 रुपए जो के 115 रुपए चना में 105 मसूर में 425 सरसों में 200 कुसुम के समर्थन मूल्य में ₹150 की वृद्धि की है । किसान संघ का कहना है कि सरकार को अपनी आयात निर्यात नीति में बदलाव करने से पहले सर्वप्रथम किसानों के हितों को देखना चाहिए । सरकार कम लागत के साथ आर्थिक आय देने वाली फसलों को भी उन्मुख करे ताकि किसान की स्थिति बेहतर बने । किसान अगर सुखी संपन्न होगा तो संपूर्ण देश सुखी संपन्न हो जाएगा।
 मंडी टैक्स से किस आहत
भारतीय किसान संघ के अखिल भारतीय कोषाध्यक्ष राजेंद्र पालीवाल ने कहा कि मंडी और बाजारों में किसान विक्रेता है फिर भी सरकार विभिन्न प्रकार से टैक्स वसूल करती है । हमारी मांग है राज्य सरकारे  तत्काल इस पर रोक लगाये । उन्होंने  चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार की आयात निर्यात नीति में बदलाव का लाभ लेने के लिए कुछ व्यापारी समूह किसानो की उपज न्यूनतम समर्थन मूल्य से नीचे खरीदने का प्रयास करते हैं । अभी की अधिकतम निर्यातक व्यापारी न्यूनतम समर्थन मूल्य से ऊपर खरीदना चाहते हैं ।  इस तरह के अंतर से किसानों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है। संघ के अनुसार इस प्रकार के उदाहरण सोयाबीन, प्याज, बासमती चावल के निर्यात मैं देखने को मिलता है जिनको लेकर संघ चिंतित है आपने कहा कि एमएसपी के बढ़ने से किसानों की स्थिति में निसंदेह  सुधार होगा , लेकिन मंडियों में लगने वाले टैक्स की मार से अभी किसान आहत है । यदि इस इंतजाम को भी किसान हितेषी बनाया जाए तो बड़ी उपलब्धि होगी ।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!