अलौकिक कामधेनु गो अभ्यारणआगर मालवादेशमध्यप्रदेश

गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध ही विश्व को अराजकता से बचा सकता है – स्वामी गोपालानंद सरस्वती

जनमत जागरण @ सुसनेर। आज परम गोभक्त धर्म सम्राट करपात्री जी महाराज की जयंती है। करपात्री जी महाराज के सानिध्य में सबसे पहले सन 1966 में गोरक्षा का आंदोलन हुआ। महाराज जी के आह्वान पर ही देश के लाखों साधू संतो और गोभक्तो ने इस आंदोलन में भाग लिया। उस समय की तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने शांतिपूर्ण चल रहे आंदोलनकारियों पर गोलियां बरसाई। हजारों की संख्या में साधू संत मारे गए। भारत के इतिहास की यह अत्यंत दुखद घटना थी । उक्त बातें एक वर्षीय वेदलक्षणा गो आराधना महामहोत्सव के 120 वे दिवस पर श्रोताओं को सम्बोधित करते हुए स्वामी गोपालानंद सरस्वती जी महाराज ने कही।

🚩स्वामीजी ने आगे कहा कि भारत को तब तक हम आजाद नही मानेंगे जब तक भारत में गोहत्या पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध नहीं लग जाता सूर्य की पहली किरण के साथ ही हजारों की संख्या में गोमाताओ का कत्ल किया जा रहा है और कह रहे है की हम आजाद हैं यह कैसी आजादी है पूरे विश्व में अराजकता, आतंकवाद, अस्थिरता के कारण को स्पष्ट करते हुवे महाराज जी ने बताया कि आज मुस्लिम बाहुल्य देशों में जो उपद्रव हो रहा है वह सब गोहत्या का ही प्रभाव है,विश्व स्तर पर गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लग जाएं तो सम्पूर्ण विश्व में तुरंत शांति स्थापित हो सकती है। अभी हाल ही में बांग्लादेश की प्रधानमंत्री को देश छोड़ कर भागना पड़ा यह वहां हो रही गोहत्या का ही प्रभाव है। विश्व के प्रमुख लोगो को यह बात समझनी चाहिए। अन्यथा विनाश को रोकना कठिन है। गोमाता की भूमि पर अतिक्रमण करने से हमारी फसल भी खराब हो रही है और हमारी नस्ल भी खराब हो रही है। जब गोमाता की गोचर भूमि समाप्त हो जाएगी तब संसार में निश्चित प्रलय आएगा। सम्पूर्ण मानव जीवन समाप्त हो जाएगा। ओर फिर गोमाता की जमीन वापस गोमाता के पास आ जाएगी। यदि इस विनाश से बचना चाहते हो तो गोमाता की भूमि पर अतिक्रमण किया है तो तुरंत खाली कर देवे। की सेवा करें तो निश्चित वेकुंट प्राप्त कर सकते है।स्वामीजी ने देश के युवाओं से आह्वान किया कि विश्व के इस गो अभयारण्य में चल रहें एक वर्षीय महा महोत्सव में नि:शुल्क गो कथा करने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है और मैरी इच्छा है कि अगर देश के 5000 युवा गो कथा के माध्यम से भारत के जन जन के ह्रदय ने गोभक्ति की भावना पैदा हो जाएगी तो सम्पूर्ण विश्व शान्ति की राह चलेगा अर्थात भारत को महान बनाना है तो हमें गो की शरण जाना ही होगा । 
बुल्डोजर बाबा बुल्डोजर पर गोमाता के किये चुनड़ लाते हुए। गोभक्तों को उद्बोधन देते हुए बुल्डोजर बाबा , भक्तों का सम्मान करते समिति सदस्य, गोपूजन करते गोभक्त ।

🚩120 वे दिवस पर महायोगी योगी विजयाआनंद महाराज एमपी के बुलडोजर बाबा श्री श्री 1008 महामंडलेश्वर योगी अखाड़ा मठ जौनपुर उत्तर प्रदेश के धर्माचार्य के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं महाशक्ति भद्रकाली मंदिर 53 वा शक्तिपीठ के पीठाधीश्वर ने श्रोताओं को संबोधित करते हुए बताया कि विश्व में यह पहला उदाहरण है कि जहां निरंतर एक वर्ष तक भगवती गोमाता की दिव्य कथा हो रही है , इस पावन धरा में मैं आकर धन्य हो गया हूं और उन्होंने सभी श्रोताओं से आह्वान किया कि सभी अपने घर पर एक गोमाता की सेवा अवश्य करें ।

🚩कथा में पूज्य चिदानंद जी सरस्वती जी महाराज ओंकारेश्वर जैसे दिव्य संतों का सानिध्य मिला । अतिथि के रूप में ईश्वर सिंह चावड़ा,योगी अखाड़ा गौ रक्षा प्रकोष्ठ राष्ट्रीय संगठन मंत्री एवं गौ रक्षा दल प्रदेश उपाध्यक्ष गौ रक्षक एवं ,श्री मोहन लाल राठौर(संत आशाराम जी बापू आश्रम शाजापुर), ईश्वर सिंह(धतुरिया) श्री भेरू लाल सोनी(पूर्व अध्यक्ष) व संतोष भाई(साधक)सन्त आशाराम बापू आश्रम सुसनेर , हनुमान हाडया गोशाला सीतामऊ(मन्दसौर) से संजय जी जाट,हंसराज जी पाटीदार,प्रह्लाद जी आदि उपस्थित रहें**श्रावण शुक्ला द्वितीया पर शिवसहस्त्राहुती यज्ञ ,पार्थिव शिव लिंग पूजन एवं रुद्राभिषेक एकादश विप्रजनों के माध्यम से सम्पन्न हुआ ।

🚩120 वे दिवस पर चुनरी यात्रा मध्यप्रदेश  के  उज्जैन एवं आगर जिले से :  एक वर्षीय गोकृपा कथा के 120 वें दिवस पर  मध्यप्रदेश के  उज्जैन जिले की  उन्हेल  तहसील के  लसूडिया   महायोगी योगी विजयाआनंद महाराज एमपी के बुलडोजर बाबा ,  ठिकाना बागोदा से  ईश्वर सिंह चावड़ा , चन्द्र सिंह चावड़ा,दीपक शर्मा,भीम बाउंसर एवं संजय चौहान  व महिला मंडल सोयत कलां ग्राम से मातृशक्ति, युवा ,वृद्ध अपने देश,राज्य एवं ग्राम के जन कल्याण के लिए गाजे बाजे के साथ  कथा मंच पर विराजित भगवती गोमाता को चुनरी ओढ़ाई एवं गोमाता का पूजन कर स्वामी गोपालानंद सरस्वती महाराज से आशीर्वाद लिया और अंत में सभी ने गो पूजन  करके यज्ञशाला की परिक्रमा एवं गोष्ठ में गोसेवा करके सभी ने गोव्रती महाप्रसाद ग्रहण किया।  

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!